भारतीय शेयर बाजार लगातार चौथे सत्र में लाल निशान में खुला, मेटल इंडेक्स में दिखा सबसे ज्यादा दबाव
Source : business.khaskhabar.com | Jan 08, 2026 | 

मुंबई । वैश्विक बाजार के मिले-जुले संकेतों के बीच भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख बेंचमार्क गुरुवार को लगातार चौथे कारोबारी सत्र में लाल निशान में खुले। इस दौरान निफ्टी के अधिकतर इंडेक्स गिरावट के साथ ट्रेड करते नजर आए।
शुरुआती कारोबार में खबर लिखे जाने तक 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 71.73 अंक या 0.08 प्रतिशत गिरकर 84,889 के लेवल कारोबार कर रहा था, तो वहीं निफ्टी 26.95 अंक या 0.10 प्रतिशत गिरकर 26,114 पर था।
इस दौरान व्यापक बाजार में निफ्टी मिडकैप इंडेक्स में 0.1 प्रतिशत की गिरावट आई, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स में हल्की 0.02 प्रतिशत की बढ़त देखने को मिली।
सेक्टरवार देखें तो निफ्टी मेटल इंडेक्स सबसे ज्यादा दबाव में रहा और इसमें 1.16 प्रतिशत की गिरावट आई, निफ्टी आईटी और पीएसयू बैंक इंडेक्स में 0.5-0.5 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, तो वहीं निफ्टी फार्मा इंडेक्स 0.25 प्रतिशत गिर गया।
वैश्विक स्तर पर सभी की निगाहें अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की वेनेजुएला से जुड़ी गतिविधियों पर बनी हुई है, जिसका असर वैश्विक बाजारों पर पड़ सकता है।
सेंसेक्स पैक में एशियन पेंट्स, टीसीएस, कोटक बैंक, मारुति सुजुकी, अल्ट्राटेक सीमेंट, सन फार्मा, रिलायंस इंडस्ट्रीज, एमएंडएम और बजाज फिनसर्व में सबसे ज्यादा गिरावट देखने को मिली, जिनमें 1.2 फीसदी तक की कमजोरी दर्ज की गई।
वहीं दूसरी ओर, बीईएल, ट्रेंट, टाइटन कंपनी, अदाणी पोर्ट्स, इटरनल, एचयूएल, एचसीएल टेक, इंडिगो और आईसीआईसीआई बैंक टॉप गेनर्स वाले शेयरों में शामिल रहे।
चॉइस ब्रोकिंग के टेक्निकल रिसर्च एनालिस्ट आकाश शाह ने कहा कि कमजोर वैश्विक संकेतों से मिल रहे सतर्क संकेतों के चलते बाजार पर दबाव बने रहने की संभावना है। एशियाई बाजारों में कमजोर माहौल और हालिया कंसोलिडेशन के बाद मुनाफावसूली से शुरुआती कारोबार पर असर पड़ सकता है, हालांकि अहम सपोर्ट स्तरों के पास चुनिंदा खरीदारी देखने को मिल सकती है।
एक्सपर्ट ने कहा कि टेक्निकल नजरिए से निफ्टी 50 अभी भी एक बड़े कंसोलिडेशन दायरे में कारोबार कर रहा है, लेकिन निकट अवधि में रुख थोड़ा सतर्क दिखाई देता है। निफ्टी के लिए इमीडिएट सपोर्ट 26,000 से 26,050 के बीच है, जबकि 26,000 के पास मजबूत आधार माना जा रहा है। ऊपर की ओर 26,250 से 26,300 के बीच रेजिस्टेंस देखने को मिल सकता है।
एक्सपर्ट ने आगे कहा कि अगर निफ्टी सपोर्ट के नीचे फिसलता है तो आगे और दबाव बन सकता है। वहीं रेजिस्टेंस के ऊपर मजबूती से टिकने पर तेजी की वापसी हो सकती है। ट्रेडर्स को शुरुआती उतार-चढ़ाव में अग्रेसिव ट्रेड्स से बचने की सलाह दी जाती है।
--आईएएनएस
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